पावन चिन्तन धारा आश्रम — संस्कृति, सेवा और संस्कार से भारत के पुनर्जागरण का केंद्र। हमारा लक्ष्य केवल शिक्षा नहीं, चरित्र निर्माण से राष्ट्र निर्माण है। आश्रम में हम विभिन्न आयु वर्गों के बच्चों, युवाओं और समाज के वंचित वर्गों के लिए नि:स्वार्थ सेवा और समर्पण के साथ अनेक प्रकल्प चला रहे हैं।
चरित्र निर्माण
राष्ट्र निर्माण
निःस्वार्थ सेवा
हमारे प्रकल्प
बाल संस्कार कक्षाएँ
6-12 वर्ष
प्रशिक्षु प्रकल्प
12-18 वर्ष
युवा अभ्युदय मिशन
18-40 वर्ष
ऋषिकुलशाला
वंचित बच्चों हेतु
अन्य गतिविधियाँ
भारत उत्सव
स्वराज सभा
धारा सेवा
शिव सेवा
महिला सुंदरकाण्ड मंडल
इस दिव्य कार्य का हिस्सा बनें और सनातन मूल्यों से युक्त, सशक्त भारत के निर्माण में अपना योगदान दें। आपका एक छोटा-सा सहयोग भी इस विशाल परिवर्तन का आधार बन सकता है।
विशेष निवेदन: हम सभी को निमंत्रित करते हैं कि वे इन गतिविधियों में भागीदार बनें और भारत के सांस्कृतिक जागरण में अपना योगदान दें। आश्रम में आकर इन कार्यक्रमों का अनुभव लें और आध्यात्मिक यात्रा का हिस्सा बनें।